विगत दो सप्ताह में साइबर अपराधियों के विरुद्ध मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कार्रवाई

प्रदेश के विभिन्न जिलों में साइबर ठगी के मामलों का खुलासा
अंतरराज्यीय एवं अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़े आरोपी गिरफ्तार
ठगी की राशि होल्ड कराने से लेकर पीड़ितों को राशि वापस दिलाने तक पुलिस की प्रभावी कार्रवाई
भोपाल
मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा साइबर अपराध, ऑनलाइन धोखाधड़ी, फर्जी बैंक खातों के दुरुपयोग, UPI फ्रॉड एवं ऑनलाइन निवेश के नाम पर की जाने वाली ठगी के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विगत दो सप्ताह में प्रदेश के विभिन्न जिलों में साइबर अपराध से जुड़े प्रकरणों में आरोपियों की गिरफ्तारी, अंतरराज्यीय एवं अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा, ठगी की राशि को होल्ड कराने तथा पीड़ितों को राशि वापस दिलाने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है। तकनीकी साक्ष्यों, डिजिटल फुटप्रिंट, बैंकिंग ट्रांजेक्शन एवं मनी ट्रेल का विश्लेषण करते हुए पुलिस टीमों ने अलग-अलग राज्यों तक पहुंच बनाकर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कई मामलों में बैंकिंग संस्थानों से तत्काल समन्वय कर ठगी की राशि को होल्ड/फ्रीज कराया गया, जिससे पीड़ितों को उनकी राशि वापस दिलाने की कार्रवाई संभव हो सकी।
बैतूल- 1 करोड़ 93 लाख रूपए की ऑनलाइन धोखाधड़ी का आरोपी नागपुर से गिरफ्तार
बैतूल बाजार पुलिस ने ऑनलाइन रोबोट्रेड एप्लीकेशन के माध्यम से हुई 1 करोड़ 93 लाख रूपए की धोखाधड़ी के मामले में एक आरोपी को नागपुर से गिरफ्तार किया।
अनूपपुर- 91 लाख रूपए की साइबर ठगी में कानपुर से आरोपी गिरफ्तार, 14 लाख रूपए से अधिक की राशि पीड़ित को वापस
थाना जैतहरी पुलिस ने 91 लाख की साइबर धोखाधड़ी के मामले में फरार आरोपी को कानपुर (उत्तरप्रदेश) से गिरफ्तार किया। आरोपी द्वारा व्हाट्सएप कॉल के माध्यम से क्रिप्टोकरेंसी मार्केट में निवेश कर अच्छा रिटर्न दिलाने का झांसा देकर फरियादी से राशि ट्रांसफर कराई गई थी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 34 लाख की राशि होल्ड कराई है। जबकि 14 लाख रूपए से अधिक की राशि पीड़ित के बैंक खाते में वापस कराई जा चुकी है। शेष राशि वापस कराने की कार्यवाही जारी है। प्रकरण में पूर्व में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
मंदसौर-14 लाख रूपए की ठगी, हरियाणा से अंतरराज्यीय आरोपी गिरफ्तार
मंदसौर पुलिस ने व्हाट्सएप के माध्यम से ऑनलाइन निवेश एवं अधिक मुनाफे का झांसा देकर लगभग 14 लाख रूपए की साइबर ठगी करने वाले आरोपी को हरियाणा के सोनीपत से गिरफ्तार किया। कार्रवाई के दौरान ठगी की लगभग 10 लाख रूपए की राशि को बैंक खाते में होल्ड/फ्रीज कराया गया। आरोपी से मनी ट्रेल एवं नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों के संबंध में पूछताछ की जा रही है।
शाजापुर – 2 लाख 60 हजार रूपए की साइबर ठगी का आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने 2 लाख 60 हजार रूपए की साइबर ठगी के मामले का खुलासा करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया। जांच में ठगी की राशि ट्रांसफर कराने वाले नेटवर्क के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है। प्रकरण से जुड़े अन्य तथ्यों एवं संभावित आरोपियों की जांच जारी है।
कटनी- 1 लाख 88 हजार रूपए की UPI ठगी, अंतरराज्यीय गिरोह के दो सदस्य गिरफ्तार
कटनी पुलिस ने 1 लाख 88 हजार रूपए की UPI साइबर ठगी के मामले में अंतरराज्यीय गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया।
ग्वालियर- अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड नेटवर्क का पर्दाफाश
ग्वालियर साइबर क्राइम विंग ने ऑनलाइन फ्रॉड के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया। कार्रवाई में 01 लैपटॉप, 02 टैबलेट, 19 मोबाइल फोन, 17 एटीएम कार्ड, 04 पासबुक, 09 चेकबुक एवं 38 सिम कार्ड जब्त किए हैं। जांच में साइबर फ्रॉड नेटवर्क के दुबई, कंबोडिया एवं श्रीलंका से जुड़े होने की जानकारी सामने आई है। नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों एवं साइबर अपराधों में उनकी भूमिका की जांच जारी है। एक अन्य कार्रवाई में डेटिंग ऐप के माध्यम से ब्लैकमेलिंग एवं अवैध वसूली करने वाले 02 आरोपियों को क्राइम ब्रांच ग्वालियर ने मुरैना से गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने होटल में बंधक बनाकर मारपीट कर तथा आपत्तिजनक वीडियो वायरल करने की धमकी देकर 1 लाख 38 हजार की वसूली की थी।
अशोकनगर- फर्जी दस्तावेजों से बैंक खाता खुलवाकर अवैध लेन-देन करने वाला आरोपी गिरफ्तार
अशोकनगर पुलिस ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर बैंक खाता खुलवाकर उसे अवैध लेन-देन में उपयोग करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। जांच में उक्त खाते से लाखों रुपये के लेन-देन की जानकारी सामने आई है। पुलिस द्वारा बैंक खाते के उपयोग, लेन-देन एवं उससे जुड़े अन्य व्यक्तियों की भूमिका की विस्तृत जांच की जा रही है।
गुना-12 पीड़ितों की 1 लाख 77 हजार रूपए से अधिक की राशि वापस
पुलिस ने साइबर ठगी की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए NCRP पोर्टल की MRM प्रक्रिया के माध्यम से संबंधित बैंक खातों पर तत्काल होल्ड लगवाया। बैंकिंग संस्थानों के साथ समन्वय कर निर्धारित प्रक्रिया पूर्ण करने के बाद पुलिस ने 12 पीड़ितों से ठगी गई 1 लाख 77 हजार 402 रूपए की राशि को वापस कराया।
देवास- 14 साइबर फ्रॉड मामलों में 80 हजार रूपए की राशि वापस
देवास पुलिस द्वारा साइबर फ्रॉड से संबंधित 14 मामलों में 80 हजार रूपए की राशि पीड़ितों के खातों में वापस कराई गई। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा साइबर अपराधों के विरुद्ध कार्रवाई में तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण, डिजिटल ट्रांजेक्शन की निगरानी, मनी ट्रेल की जांच, फर्जी बैंक खातों की पहचान, बैंकिंग संस्थानों से त्वरित समन्वय तथा NCRP/MRM प्रक्रिया का प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। मध्यप्रदेश पुलिस नागरिकों से अपील करती है कि ऑनलाइन निवेश, अधिक मुनाफे, नौकरी, ट्रेडिंग अथवा अन्य किसी लालच में आकर अनजान व्यक्तियों को राशि ट्रांसफर न करें।



